विकास को गति देने के लिए जिला प्रशासन और रेलवे के बीच बैठक संपन्न
धनबाद, उपायुक्त आदित्य रंजन की अध्यक्षता में समाहरणालय के
सभागार में बुधवार को जिले के विकास को गति देने के लिए पूर्व मध्य रेलवे
(ईसीआर) के डीआरएम अखिलेश मिश्र सहित ईसीआर के अन्य वरीय पदाधिकारी और जिला
प्रशासन के पदाधिकारियों की बैठक हुई।
बैठक में प्रशासन और रेलवे
के मध्य विभिन्न प्रकार के विवाद और समस्या पर चर्चा कर उसका निराकरण करने
की दिशा में विचार विमर्श किया गया।
बैठक में बरमसिया फ्लाईओवर, गया
पुल में नए रेल अंडर ब्रिज की डिजाइन और ड्राइंग की मंजूरी, धनबाद रेलवे
स्टेशन के उत्तरी और दक्षिणी भाग का विस्तार, ट्रैफिक मैनेजमेंट, अतिक्रमण
दूर करने एवं सुदृढ़ीकरण, रेलवे के ठोस कचरे के प्रबंधन के लिए योजना
बनाने पर चर्चा की गई।
साथ ही डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर के
एलाइनमेंट, प्रधानखंटा रेल ओवर ब्रिज की मरम्मत, सोनारडीह लेवल क्रॉसिंग
गेट का चौड़ीकरण, कतरास रेल अंडर ब्रिज और तेतुलमारी के गया पुल में जल
जमाव, रेलवे एवं जिला परिषद के बीच उत्पन्न विवाद, पूजा टॉकीज से जोड़ाफाटक
तक रेल ओवरब्रिज के लिए संयुक्त व्यवहार्यता रिपोर्ट सहित अन्य
विकासोन्मुख विषयों पर चर्चा की गई।
इस अवसर पर उपायुक्त ने कहा कि
जिले के विकास के लिए जिला प्रशासन की ओर से रेलवे को हर सहायता दी जाएगी।
उन्होंने कहा कि प्राथमिकता देकर प्रधानखंता रेल ओवर ब्रिज की मरम्मत करनी
है। यहां सड़क बेहद खराब है। इसके कारण वाहनों के आवागमन में कठिनाई होती
है। उन्होंने मई तक इसको दुरुस्त करने को कहा।
वहीं सोनारडीह लेवल
क्रॉसिंग चौड़ीकरण को मार्च तक पूरा करने, पंपू तालाब और लोको तालाब के
आसपास तेजी से सर्वे कर क्षेत्र को अतिक्रमण मुक्त करने, पूजा टॉकीज से
जोड़ाफाटक तक रेल ओवरब्रिज के लिए 30 जनवरी तक संयुक्त व्यवहार्यता रिपोर्ट
प्रस्तुत करने सहित अन्य समस्याओं का 10 फरवरी तक समाधान करने को कहा।
बैठक
के दौरान जुडको, नेशनल हाईवे, झमाडा, पीएचईडी, जेबीवीएनएल व अन्य विभागों
तथा रेलवे के बीच लंबित मामलों काे जल्द दूर करने का निर्देश दिया।
वहीं
मौके पर पूर्व मध्य रेलवे के डीआरएम ने कहा कि धनबाद रेलवे स्टेशन के
दक्षिणी छोर को वर्ल्ड क्लास फैसिलिटी से विकसित करना है। इसमें यात्रियों
के लिए सभी सुविधाएं, वीआइपी एंट्रेंस, कोलकाता रेलवे स्टेशन की तरह
प्लेटफार्म में पार्किंग, कार्गो हैंडलिंग, चार पहिया, दो पहिया और तीन
पहिया वाहनों के लिए चिन्हित पार्किंग, बस स्टॉप, स्काईवॉक सहित अन्य
सुविधाएं दी जाएंगी। इसके अलावा रेलवे स्टेशन के उत्तरी छोर का विस्तारीकरण
और सौंदर्यकरण, सड़कों का चौड़ीकरण, पार्किंग लेन सहित अन्य सुविधाएं दी
जाएंगी।

